विधानसभा उपचुनाव स्थगित:कोरोना संक्रमण की वजह से मध्य प्रदेश में सितंबर में नहीं कराए जाएंगे विधानसभा उपचुनाव

मध्य प्रदेश की 26 विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव कोरोना संक्रमण की वजह से टल गए हैं। चुनाव आयोग ने कहा कि कोरोना की वजह से सितंबर में विधानसभा और लोकसभा के होने वाले उपचुनाव नहीं कराए जाएंगे।

दरअसल, मध्य प्रदेश में 10 मार्च को कांग्रेस के 22 विधायक इस्तीफा देकर भाजपा में शामिल हो गए थे। 10 मार्च से 10 अगस्त तक 6 महीने पूरे हो रहे हैं। चुनाव 6 महीने के अंदर कराना जरूरी होता है। लेकिन मध्य प्रदेश और अन्य राज्यों में कोरोना संक्रमण को देखते हुए संभावना थी कि सितंबर में उपचुनाव होंगे, लेकिन बढ़ते संक्रमण को देखते हुए अब आयोग ने उपचुनाव टालने का निर्णय लिया है।

इससे पहले मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा का एक बयान सामने आया था, जिसमें उन्होंने सितंबर के अंत तक मध्य प्रदेश में उपचुनाव करा लेने की बात कही थी। उनके इस बयान के बाद यह कहा जा रहा था कि जल्द ही चुनाव की घोषणा हो सकती है। लेकिन कोरोना के लगातार बढ़ते संक्रमण की वजह से उप चुनाव फिलहाल टाल दिए गए हैं।

जीतू पटवारी का आरोप- केंद्र सरकार के कहने पर टले चुनाव
पूर्व मंत्री और कांग्रेस विधायक जीतू पटवारी ने उपचुनाव टाले जाने पर भाजपा को घेरा है। जीतू का कहना है कि उपचुनाव टालना सिर्फ कांग्रेस की जीत को रोकने का प्रयास है। लोग भाजपा को पंसद नहीं कर रहे हैं। इसी डर से केंद्र के इशारे पर चुनाव टले हैं।

कांग्रेस कर रही मतपत्र से चुनाव कराने की मांग
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने चुनाव आयोग से 26 सीटों पर होने वाले उपचुनाव मतपत्र से कराने की मांग की। इस पर गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि उपचुनाव में ईवीएम के बदले मतपत्रों से मतदान की कमलनाथजी की मांग सिर्फ कांग्रेस की हताशा है। बटन दबाने से अगर कोरोना फैलने का डर है तो क्या मुहर लगाने से ये डर खत्म हो जाएगा?

Leave a Reply

Your email address will not be published.