अमेरिकी विदेश मंत्री बोले- गलवान में जिन 20 सैनिकों को चीन ने मारा, उन्हें श्रद्धांजलि; हम भारत के साथ

भारत और अमेरिका के विदेश मंत्रियों और रक्षा मंत्रियों के बीच तीसरी 2+2 बैठक दिल्ली के हैदराबाद हाउस में हुई। दोनों देशों के बीच बेका यानी बेसिक एक्सचेंज एंड को-ऑपरेशन एग्रीमेंट (BECA) पूरा हो गया है। इससे भारत मिसाइल हमले के लिए विशेष अमेरिकी डेटा का इस्तेमाल कर सकेगा। इसमें किसी भी इलाके की सटीक लोकेशन मिलती है।

साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने कहा कि आज हम वार मेमोरियल गए थे। हमने उन वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी, जिन्होंने भारत के लिए अपनी जान दी। इनमें वो 20 जवान भी शामिल हैं, जिन्हें गलवान में चीन ने मारा था। भारत अपनी अखंडता के लिए खतरों से लड़ रहा है और हम भारत के साथ खड़े हैं।
2+2 डायलॉग में किसने क्या कहा

राजनाथ सिंह: अमेरिका के साथ सैन्य सहयोग बढ़ाएंगे
भारतीय रक्षा मंत्री ने कहा- भारत और अमेरिका के बीच सैन्य कॉरपोरेशन बढ़ रहा है। समुद्री क्षेत्र में सहयोग पर चर्चा हुई है। डिफेंस सेक्टर में आत्मनिर्भर भारत हमारे अमेरिका के साथ सहयोग के केंद्र में है। दोनों देशों के बीच व्यापार और तकनीक शेयर की जाएगी। हम सभी देशों की स्वतंत्रता, शांति और संप्रभुता के समर्थक हैं।

मार्क एस्पर: डिफेंस कोऑपरेशन के तहत टेक्नोलॉजी साझा करेंगे
अमेरिकी रक्षा मंत्री ने कहा- भारत के साथ हमने साइबर और स्पेस डायलॉग पर चर्चा की है। समुद्री क्षेत्र में सुरक्षा पर चर्चा हुई। आने वाले दिनों में ऑस्ट्रेलिया, जापान के साथ मालाबार हम एक्सरसाइज में शामिल होंगे। डिफेंस एग्रीमेंट के तहत जिओ स्पेस इन्फॉर्मेशन शेयरिंग करेंगे। डिफेंस टैक्नोलॉजी कोऑपरेशन के तहत हेलिकॉप्टर, फाइटर जेट पर चर्चा हुई।

माइक पोम्पियो: दुनिया देख रही की चीन लोकतंत्र का मित्र नहीं
अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा- दोनों देशों के बीच सहयोग लगातार मजबूत हो रहा है। आज हम वार मेमोरियल गए थे। यहां देश के लिए जान गंवाने जवानों के साथ उन 20 जवानों को भी श्रद्धांजलि दी, जिन्हें PLA ने मारा था। चीन की कम्युनिस्ट पार्टी लोकतंत्र की समर्थक नहीं है। चीन लोकतंत्र, कानून, पारदर्शिता का दोस्त नहीं है और ये दुनिया देख रही है। हमें खुशी है कि भारत और अमेरिका केवल चीन ही नहीं, हर खतरे के खिलाफ आपसी सहयोग को मजबूत करने के लिए कदम उठा रहे हैं।

एस जयशंकर: क्रॉस बॉर्डर टेररिज्म मंजूर नहीं
भारतीय विदेश मंत्री ने कहा- अमेरिका के साथ ग्लोबल स्ट्रैटजिक पार्टनरशिप पर बात हुई। साइंस एंड टेक्नोलॉजी में कोऑपरेशन की बातचीत हुई है। भारत और अमेरिका अंतरराष्ट्रीय सहयोग के लिए तैयार हैं। दोनों ही देशों ने इस बात को माना है कि क्रॉस बॉर्डर टेररिज्म को स्वीकार नहीं किया जाएगा।

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